भारत ने रविवार को वेनेज़ुएला में हालिया घटनाक्रम पर ‘गहरी चिंता’ जताई है और कहा कि वह दक्षिण अमरीकी राष्ट्र में बदलती सुरक्षा स्थिति पर करीबी नजर रख रहा है। विदेश मंत्रालय ने एक बयान जारी कर वेनेज़ुएला के लोगों की भलाई और सुरक्षा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई और सभी संबंधित पक्षों से बातचीत के जरिए संकट का शांतिपूर्ण समाधान निकालने, क्षेत्रीय शांति और स्थिरता को बनाए रखने का आह्वान किया। बयान में यह भी कहा गया है कि काराकस में भारतीय दूतावास भारतीय समुदाय के संपर्क में है और इस अशांत अवधि के दौरान उन्हें सभी जरूरी मदद जारी रखी जाएगी।
इससे पहले शनिवार को विदेश मंत्रालय ने भारतीय नागरिकों को वेनेज़ुएला की सभी गैर-जरूरी यात्राओं से बचने की सलाह दी थी। सलाह में वेनेज़ुएला में मौजूद भारतीयों से सतर्क रहने, सार्वजनिक सभाओं से बचने, घर के अंदर रहने और सुरक्षा के मद्देनजर स्थानीय यात्रा सीमित करने का आग्रह किया गया है। यह एडवाइजरी वेनेज़ुएला की सुरक्षा स्थिति में नाटकीय बदलाव के कारण जारी की गई है, जो काराकस में फोर्ट ट्यूना सैन्य परिसर समेत प्रमुख सैन्य ठिकानों पर अमेरिकी हवाई हमले से पैदा हुई है। इसकी पुष्टि करते हुए अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया कि वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सीलिया फ्लोरेस को गिरफ्तार कर लिया गया है।
विदेश मंत्रालय ने वेनेजुएला में भारतीय नागरिकों के लिए विशेष संपर्क विवरण प्रदान किये हैं। इसमें एक आपातकालीन हॉटलाइन और दूतावास ईमेल शामिल है। इनके जरिये सभी भारतीय से संपर्क बनाये रखने का आग्रह किया है: ईमेल: cons.caracas@mea.gov.in के अलावा आपातकालीन हॉटलाइन (कॉल और ह्वाट्सऐप): 58-412-9584288 पर संपर्क किया जा सकता है।