हमीरपुर ज़िले के सदर पुलिस स्टेशन ने सलासी की रहने वाली मृतक रंजना की नृशंस हत्या के मामले में एक अहम कार्रवाई की है। यह कार्रवाई सीधे तौर पर उस व्यक्ति के ख़िलाफ है जिसने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म पर, हत्या के नाबालिग आरोपी को झूठे तरीके से बालिग घोषित कर दिया था।
पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, यह संदिग्ध व्यक्ति स्वयं भी हमीरपुर जिले से ही संबंध रखता है। कानूनी प्रक्रिया के तहत, पुलिस ने इस व्यक्ति का मोबाइल फ़ोन ज़ब्त कर लिया है और उसके ख़िलाफ़ मामला भी दर्ज कर लिया गया है।
इस बीच, पुलिस प्रशासन ने हत्या के असल आरोपी की उम्र से जुड़ी अटकलों पर विराम लगा दिया है। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, जाँच में यह स्पष्ट हुआ है कि आरोपी की वास्तविक आयु 14 वर्ष और 2 महीने है।
एडीशन एसपी राजेश उपाध्याय ने इस बात की पुष्टि की है कि पुलिस ने अपनी गहन छानबीन के दौरान, नाबालिग आरोपी के आधार कार्ड, जन्म प्रमाण पत्र, बस पास और अन्य सभी महत्वपूर्ण दस्तावेज़ों की सावधानीपूर्वक जाँच की है ताकि उसकी सही उम्र सुनिश्चित की जा सके। यह पूरा मामला अब सोशल मीडिया पर झूठी और भ्रामक जानकारी फैलाने के गंभीर नतीजों को उजागर करता है।